राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल से दीगर पार्टियों को सीखने की ज़रूरत।
एक बार फिर राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल ने अवाम का दिल जीता।
आज़मगढ़, डॉ शाहिद बदर फलाही साहेब को ज़मानत दिलवाने के लिये कौंसिल के ताहिर मदनी साहेब,नुरूहुलदा साहेब और शाहबाज़ रशादी साहेब आज कोर्ट में मौजूद रहे।
इसके अलावा हम बदर साहेब के वकील अब्दुलखालिक साहेब और दीगर वकला का शुक्रिया अदा करते हैं।
हम रिहाई मंच के तारिक़ शफ़ीक़ साहेब का भी शुक्रिया अदा करते हैं।
अब ज़रूरत इस बात की है कि अवाम समाजवादी पार्टी,बहुजन समाज पार्टी,कांग्रेस और दीगर पार्टियों से सवाल पूछे कि हर जगह मदद के लिये सिर्फ उलेमा कॉन्सिल ही क्यों?
आप लोग क्यों नहीं।
ज़ाकिर हुसैन
एक बार फिर राष्ट्रीय उलेमा कौंसिल ने अवाम का दिल जीता।
आज़मगढ़, डॉ शाहिद बदर फलाही साहेब को ज़मानत दिलवाने के लिये कौंसिल के ताहिर मदनी साहेब,नुरूहुलदा साहेब और शाहबाज़ रशादी साहेब आज कोर्ट में मौजूद रहे।
इसके अलावा हम बदर साहेब के वकील अब्दुलखालिक साहेब और दीगर वकला का शुक्रिया अदा करते हैं।
हम रिहाई मंच के तारिक़ शफ़ीक़ साहेब का भी शुक्रिया अदा करते हैं।
अब ज़रूरत इस बात की है कि अवाम समाजवादी पार्टी,बहुजन समाज पार्टी,कांग्रेस और दीगर पार्टियों से सवाल पूछे कि हर जगह मदद के लिये सिर्फ उलेमा कॉन्सिल ही क्यों?
आप लोग क्यों नहीं।
ज़ाकिर हुसैन

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